अज्ञात कॉलर ने आई.ए.एस. मोहंती को ठगा

0
64

जयपुर। वरिष्ठ आई.ए.एस. अधिकारी जगदीश चन्द्र मोहंती अज्ञात कॉलर से ठगी का शिकार हो गए हैं। एस.बी.बी.जे सहित कई बैंकों का भारतीय स्टेट बैंक में विलय जहां चर्चा में बना हुआ है, वहीं मोहंती इस विलय को शायद ही कभी भूल पाएं। इस विलय के चक्कर में मोहंती के 2.73 लाख रुपए खाते से साफ हो गए हैं।

ताजा जानकारी के अनुसार मोहंती को विलय के पश्चात अज्ञात कॉलर ने पीएचईडी में बतौर अतिरिक्त मुख्य सचिव सेवाएं दे रहे मोहंती को कॉल किया और ओटीपी बताने को कहा। कॉलर ने खुद को बैंक का अधिकृत व्यक्ति बताते हुए विलय कारण बताया और मर्जर की वजह से ओटीपी की आवश्यकता बताई। वन टाइम पासपार्ड तब तक मोहंती के मोबाइल पर आ चुका था। इधर इस अज्ञात कॉलर पर भरोसा करते हुए मोहंती ने ओटीपी बता दिया। ओटीपी बताते हुए मोहंती के खाते से 2.73 लाख रुपए निकल गए। इस मोटी चपत को लेकर जहां पुलिस तफ्दीश में जुट गई है, वहीं डीसीपी साउथ आई.पी.एस. मनीष अग्रवाल मामले को खंगालने में जुट गए हैं। इस संबंध में मोहंती ने एफआईआर दर्ज करवाई है और जांच शुरू कर दी गई है।